अगस्त 30 – हमारी आंखें तेरी ओर हैं!

“… यह जो बड़ी भीड़ हम पर चढ़ाई कर रही है, उसके सामने हमारा तो बस नहीं चलता और हमें कुछ सूझता नहीं कि क्या करना चाहिये? परन्तु हमारी आँखें तेरी ओर लगी हैं” (2 इतिहास 20:12)।

यहोशापात यहूदा के राजाओं में से एक था। वह एक ऐसा राजा था जो परमेश्वर से प्रेम करता और उस पर अपना विश्वास रखता था। जब अम्मोन के लोग और अम्मोनियों के अलावा कुछ अन्य लोग अचानक उसके खिलाफ उठ खड़े हुए और युद्ध करने आए, तो वह नहीं जानता था कि क्या करना है। उसका हृदय थरथराने लगा।

लेकिन, वह तुरंत परमेश्वर की ओर देखने लगा और प्रार्थना करने लगा। “देख, वे ही लोग तेरे दिए हुए अधिकार के इस देश में से जिसका अधिकार तू ने हमें दिया है, हम को निकालकर कैसा बदला हमें दे रहे हैं। हे हमारे परमेश्‍वर, क्या तू उनका न्याय न करेगा? यह जो बड़ी भीड़ हम पर चढ़ाई कर रही है, उसके सामने हमारा तो बस नहीं चलता और हमें कुछ सूझता नहीं कि क्या करना चाहिये? परन्तु हमारी आँखें तेरी ओर लगी हैं” (2इतिहास 20:11, 12)।

वह केवल परमेश्वर की ओर देखने के साथ ही नहीं रुका, बल्कि उसने पूरे यहूदा में उपवास की घोषणा भी की। इससे सब लोग यहोवा से सहायता माँगने के लिए इकट्ठे हुए। यहूदा के सब नगरों से लोग यहोवा की खोज में आए (2 इतिहास 20:3, 4)।

परमेश्वर के प्यारे बच्चों, एक परिवार के रूप में उपवास और प्रार्थना करें और परमेश्वर की ओर देखें, जब आप ऐसी समस्याओं का सामना करें जो आपके नियंत्रण से परे हों। अपने लिए एक परिवार के रूप में इकट्ठा होने और प्रार्थना करने के लिए समय आवंटित करें। जब आप एक परिवार के रूप में उपवास और प्रार्थना करते हैं, तो आप विजयी होंगे।

जब  तंत्र-मंत्र और जादू-टोना एक परिवार पर हमला करने और उसे बर्बाद करने के लिए आये, तो उस परिवार के सदस्यों ने तीन दिनों तक उपवास और प्रार्थना की। आश्चर्य की बात यह है कि एक कुत्ता और एक बिल्ली जो उनके पालतू जानवर थे, उनके साथ उनके उपवास में शामिल हो गए। जब घरवाले इधर-उधर बैठकर प्रार्थना कर रहे थे तो पालतू जानवर भी उनके पास आकर लेट गए। तीसरे दिन, परमेश्वर ने परिवार को एक बड़ी जीत दी और परिवार को एक पूर्ण छुटकारा मिला।

इसी तरह, जब राजा यहोशापात ने परमेश्वर की ओर देखा, उपवास किया और प्रार्थना की,  और गाते हुए उसकी स्तुति की, तो परमेश्वर ने उसके शत्रुओं को आपस में लड़ाया और उन्होंने एक दूसरे को नष्ट कर दिया (2इतिहास 20:22)। परमेश्वर के प्यारे बच्चों,  केवल परमेश्वर की ओर देखें। एक परिवार के रूप में उपवास और प्रार्थना करें। आप विजयी होंगे।

ध्यान करने के लिए: “सेनाओं का यहोवा हमारे संग है; याकूब का परमेश्‍वर हमारा ऊँचा गढ़ है” (भजन संहिता 46:11)।

Article by elimchurchgospel

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